चारधाम यात्रा में हेली व चार्टर्ड हेलिकॉप्टर संचालन करने वाली कंपनियों से बकाया राशि की वसूली के लिए बीकेटीसी नोटिस देने की तैयारी कर रही है। थंबी एविएशन पर सबसे अधिक बकाया है।
चार्टर्ड व हेली सेवा से बदरीनाथ व केदारनाथ धाम आने वाले श्रद्धालुओं को बीकेटीसी की ओर से दर्शन कराए जाते हैं। इसकी एवज में एविएशन कंपनियों से शुल्क लिया जाता है। वर्ष 2019 से लेकर 2025 तक हेली कंपनियों पर बीकेटीसी का तीन करोड़ बकाया है। हेलिकॉप्टर से केदारनाथ व बदरीनाथ धाम पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को मंदिर समिति ने दर्शन तो कराए लेकिन हेली कंपनियों को शुल्क का भुगतान नहीं किया। बीते वर्ष चारधाम यात्रा के दौरान एयर पुष्पक एविएशन पर 15 लाख, पिल्ग्रिमेज एविएशन पर 5.25 लाख, विक्रांत एविएशन पर 7.30 लाख, हेरिटेज पर 10.35 लाख, थंबी एविएशन पर 23.15 लाख, हिमालयन एविएशन पर 20.25 लाख, शिवभोले एविएशन पर 27.15 लाख का बकाया है। जबकि वित्तीय वर्ष 2024-25 का थंबी एविएशन पर 17.22 लाख, धीरा एविएशन पर 6.88 लाख, मैक एयर एविएशन पर 10.68 लाख रुपये का बकाया है। वर्ष 2019-20 में हेरिटेज एविएशन पर 23.65 करोड़, हिमालयन एविएशन पर 3.11 लाख, इंडो कॉप्टर हेली सेवा पर 7.37 लाख का बकाया है। बीकेटीसी की ओर से नोटिस देने की तैयारी की जा रही है। इसके बाद भी बकाया राशि जमा न करने पर विधिक कार्रवाई की जाएगी।

