उत्तराखंड पुलिस की रणनीति: पर्यटन आवासों में छात्रों के दुरुपयोग को रोकने के लिए स्थानीय इंटेलिजेंस का उपयोग

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पर्यटन नगरी रामनगर के कानियां क्षेत्र से एक बेहद चौंकाने वाला और शर्मनाक मामला सामने आया है। यहाँ एक होटल के कमरे में स्कूल ड्रेस पहने दो नाबालिग छात्राएं मिलने से क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई की और होटल को सील कर दिया है। इस मामले ने स्थानीय प्रशासन और होटल संचालकों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

मिली जानकारी के अनुसार, कानियां क्षेत्र के हिम्मतपुर डोटियाल स्थित एक होटल में अनैतिक गतिविधियों की शिकायतें लंबे समय से मिल रही थीं। शनिवार को पूर्व भाजपा मंडल अध्यक्ष मदन जोशी को सूचना मिली कि दो नाबालिग छात्राओं को स्कूल ड्रेस में ही होटल के अंदर ले जाया गया है। उन्होंने बिना देरी किए इसकी जानकारी पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर छापेमारी की, जहाँ कमरे के अंदर शहर के एक प्रतिष्ठित इंटर कॉलेज की दो छात्राएं मौजूद मिलीं। मदन जोशी ने होटल प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि संचालक ने नियमों को ताक पर रखकर बिना किसी पहचान पत्र (ID) और जांच के नाबालिग छात्राओं को कमरा दे दिया। सबसे ज्यादा हैरान करने वाली बात यह थी कि छात्राएं स्कूल ड्रेस में थीं, फिर भी उन्हें होटल के अंदर प्रवेश दिया गया। पुलिस ने मौके से कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है, जिनसे कोतवाली में पूछताछ की जा रही है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए क्षेत्राधिकारी सुमित पांडे और पुलिस टीम ने होटल को तुरंत सील कर दिया है। पुलिस ने होटल के सीसीटीवी कैमरों की डीवीआर (DVR) को अपने कब्जे में ले लिया है ताकि यह पता लगाया जा सके कि यहाँ इस तरह की घटनाएं कब से चल रही थीं और इसमें कौन-कौन शामिल हैं। क्षेत्राधिकारी सुमित पांडे ने बताया कि मामला नाबालिग बच्चियों से जुड़ा है, इसलिए पुलिस पूरी संवेदनशीलता के साथ हर पहलू की जांच कर रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर होटल संचालक और संलिप्त व्यक्तियों के खिलाफ पॉक्सो एक्ट और अन्य सुसंगत धाराओं में कड़ी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने चेतावनी दी है कि यदि किसी भी होटल या होमस्टे में नियमों का उल्लंघन पाया गया, तो उनके खिलाफ कठोरतम कदम उठाए जाएंगे। इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों में गहरा रोष है और उन्होंने स्कूल समय में बच्चों की आवाजाही पर भी कड़ी निगरानी रखने की मांग की है।